सोमवार, 24 अगस्त 2026

बाबा जयराम दास की 17वीं ध्वजा यात्रा महेंद्र गर्भसे पाली धाम पहुंची


 

किसानों के लिए फार्मर आईडी बनवाना जरूरी, समय रहते प्रक्रिया पूरी करने की अपील फसल बिक्री, सब्सिडी, खाद-बीज और मुआवजा सहित कृषि योजनाओं का लाभ लेने में होगी सहूलियत

आकोदा क्षेत्र के किसानों से फार्मर आईडी जल्द से जल्द बनवाने की अपील की गई है। कृषि विभाग से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि किसान अंतिम समय का इंतजार करने के बजाय समय रहते अपनी फार्मर आईडी बनवाने की प्रक्रिया पूरी कर लें, ताकि भविष्य में कृषि से संबंधित योजनाओं और सुविधाओं का लाभ लेने में किसी प्रकार की परेशानी न हो।

कृषि प्रवेक्षक रविंदर ने बताया कि फार्मर आईडी किसानों की पहचान और कृषि संबंधी रिकॉर्ड को डिजिटल रूप से व्यवस्थित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इसके माध्यम से किसान की कृषि भूमि, फसल और अन्य संबंधित जानकारी को सरकारी रिकॉर्ड से जोड़ा जा सकेगा। भविष्य में विभिन्न कृषि योजनाओं एवं सुविधाओं का लाभ लेने के लिए यह आईडी उपयोगी होगी।

उन्होंने बताया कि फार्मर आईडी नहीं होने की स्थिति में किसानों को फसल मंडी में बेचने, सरकारी सब्सिडी प्राप्त करने, खाद एवं बीज की सुविधाएं लेने तथा फसल खराब होने पर मिलने वाले मुआवजे सहित अन्य योजनाओं का लाभ लेने में परेशानी हो सकती है। इसलिए किसानों से समय रहते आईडी बनवाने का आग्रह किया गया है।

वहीं, जिन किसानों की फार्मर आईडी पहले से बन चुकी है, उनकी आईडी का सत्यापन भी लगभग पूरा किया जा चुका है। ऐसे किसान अपनी आईडी की स्थिति की जांच कर लें और किसी प्रकार की त्रुटि होने पर समय रहते उसका समाधान कराएं। किसानों से अपील की गई है कि वे अंतिम दिनों का इंतजार न करें और आज ही फार्मर आईडी बनवाकर संभावित परेशानी से बचें।

अकोदा में बाबा साध धाम पर निकली पहली ध्वज यात्रा


 

शुक्रवार, 21 अगस्त 2026

बाबा साध धाम पर भंडारा में कीर्तन 24 को


 

आकोदा में मकान की फर्श की टाइलें अचानक चटखकर टूटने लगीं, मचा हड़कंप - सुबह करीब 7 बजे एक के बाद एक टूटने लगीं टाइलें, परिवार ने डायल 112 को दी सूचना; कारण स्पष्ट नहीं


 

गांव आकोदा में शुक्रवार सुबह एक मकान में उस समय हड़कंप मच गया, जब फर्श की टाइलें अचानक चट-चट की आवाज के साथ अपने आप टूटने लगीं। एक के बाद एक टाइलें टूटने से परिवार के लोग घबरा गए और उन्होंने तुरंत डायल 112 पर सूचना दी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया, लेकिन टाइलों के अचानक टूटने का कोई स्पष्ट कारण सामने नहीं आ सका।


जानकारी के अनुसार आकोदा निवासी रामचरण यादव, जो मध्यप्रदेश पुलिस में अधिकारी रह चुके हैं, ने करीब पांच वर्ष पहले सरकारी स्कूल के सामने अपना मकान बनाया था। शुक्रवार सुबह करीब 7 बजे परिवार के लोगों ने मकान में फर्श की टाइलें चट-चट की आवाज के साथ टूटने की आवाज सुनी। जब उन्होंने मौके पर जाकर देखा तो फर्श की काफी टाइलें अपने आप टूट रही थीं। अचानक टाइलें टूटने से परिवार में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।



रामचरण यादव ने तत्काल डायल 112 पर सूचना दी। पुलिस टीम मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई करते हुए घटना की जानकारी उच्च अधिकारियों को दी। इसके बाद बिजली विभाग के कर्मचारी जेई नरेंद्र को भी मौके पर बुलाया गया, ताकि यह पता लगाया जा सके कि कहीं बिजली के फॉल्ट के कारण तो यह घटना नहीं हुई।

जय नरेंद्र ने मौके का निरीक्षण करने के बाद बताया कि उन्हें प्रथम दृष्टया बिजली से संबंधित कोई फॉल्ट नजर नहीं आ रहा है। पुलिस अपनी कार्रवाई पूरी करने के बाद मौके से रवाना हो गई। समाचार लिखे जाने तक फर्श की टाइलें अचानक टूटने का सही कारण स्पष्ट नहीं हो सका था। घटना के कारण मकान में रहने वाले परिवार के लोगों में डर का माहौल बना हुआ है।

बुधवार, 19 अगस्त 2026

पांच दिन से पोस्ट ऑफिस के चक्कर, बायोमेट्रिक मशीन नहीं चली तो पेंशन को तरसे बुजुर्ग खुडाना-गढ़ी के 1000 से अधिक पेंशनधारी परेशान, 80 वर्षीय महिला पांचवीं बार पहुंची तो चक्कर खाकर गिरी; सरपंच बोले- बुजुर्गों को पीठ पर लादकर लाना पड़ रहा, वैकल्पिक व्यवस्था हो


 

गांव खुडाना स्थित पोस्ट ऑफिस में बुढ़ापा, विधवा और दिव्यांग पेंशन लेने वाले बुजुर्गों एवं जरूरतमंद लोगों को पिछले चार-पांच दिनों से भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बायोमेट्रिक मशीन नहीं चलने और नेटवर्क व सर्वर की समस्या के चलते पेंशन लेने पहुंच रहे लोगों को घंटों इंतजार करने के बाद खाली हाथ लौटना पड़ रहा है। शुक्रवार को भी करीब 50 बुजुर्ग एवं पेंशनधारी सुबह से पोस्ट ऑफिस में मशीन चलने का इंतजार करते रहे, लेकिन दोपहर करीब 3 बजे तक मशीन नहीं चल पाई।

जानकारी के अनुसार खुडाना पोस्ट ऑफिस में खुडाना और गढ़ी खुडाना के 1000 से अधिक बुजुर्ग, विधवा एवं दिव्यांग पेंशनधारी पेंशन लेने पहुंचते हैं। पिछले कई दिनों से बुजुर्ग सुबह करीब 9 बजे ही पोस्ट ऑफिस पहुंचना शुरू हो जाते हैं। घंटों इंतजार के बाद भी तकनीकी समस्या दूर नहीं होने पर उन्हें बिना पेंशन लिए वापस लौटना पड़ता है। कई बुजुर्ग लाठी के सहारे तो कई अपने बेटों और परिजनों के सहारे पोस्ट ऑफिस पहुंच रहे हैं।

पांच दिन से लगा रहे चक्कर

पेंशन लेने पहुंचे ग्रामीणों ने बताया कि वे पिछले पांच दिनों से लगातार पोस्ट ऑफिस के चक्कर लगा रहे हैं। यहां पहुंचने पर कभी नेटवर्क तो कभी सर्वर की समस्या बताकर उन्हें वापस भेज दिया जाता है। ग्रामीणों का कहना है कि उम्रदराज होने के कारण 6-7 किलोमीटर दूर से बार-बार पोस्ट ऑफिस तक आना उनके लिए बेहद मुश्किल है। इसके बावजूद उन्हें पेंशन के लिए कई दिनों से परेशान होना पड़ रहा है।

90 साल तक के बुजुर्ग भी परेशान

गढ़ी गांव के सरपंच कर्मवीर ने बताया कि उनके गांव के 400 से अधिक पेंशनधारी खुडाना पोस्ट ऑफिस से पेंशन लेते हैं। उन्होंने कहा कि एक बार की पेंशन लेने के लिए बुजुर्गों को चार-पांच बार तक चक्कर लगाने पड़ते हैं। कई बुजुर्ग करीब 90 वर्ष की उम्र के हैं। उन्हें कभी पीठ पर लादकर तो कभी वाहन में किराया देकर पोस्ट ऑफिस तक लाना पड़ता है, लेकिन यहां आने के बाद भी पेंशन नहीं मिलती।

सरपंच ने बताया कि शुक्रवार को गढ़ी निवासी ओमली पत्नी दयाचंद, जिनकी उम्र 80 वर्ष से अधिक है, पांचवीं बार पेंशन लेने पोस्ट ऑफिस पहुंची थीं। काफी देर इंतजार करने के दौरान वह चक्कर खाकर गिर गईं। आसपास मौजूद लोगों ने उन्हें संभाला। उन्होंने कहा कि बुजुर्गों के साथ इस तरह की स्थिति बेहद चिंताजनक है।

कर्मवीर ने कहा कि यदि सरकार गांव में पेंशन भुगतान की सुविधा उपलब्ध नहीं करवा सकती तो कम से कम ऐसी व्यवस्था होनी चाहिए कि बुजुर्गों को एक बार पोस्ट ऑफिस आने पर पेंशन अवश्य मिल जाए। उन्होंने बताया कि पंचायत की ओर से प्रस्ताव पारित कर उच्च अधिकारियों को भेजा जाएगा, जिसमें गढ़ी गांव के पेंशनधारियों को पेंशन लेने के लिए दूसरे गांव में न जाना पड़े, इसके लिए व्यवस्था करने की मांग की जाएगी।

पूर्व बीडीसी सदस्य ने जताया रोष

मौके पर मौजूद पूर्व बीडीसी सदस्य संतरा देवी ने कहा कि बुजुर्गों को पांच-पांच दिन तक पोस्ट ऑफिस के चक्कर लगवाना उनके साथ मजाक है। सरकार और संबंधित विभाग को ऐसी व्यवस्था करनी चाहिए कि तकनीकी खराबी के कारण बुजुर्गों को परेशान न होना पड़े। जरूरत पड़ने पर वैकल्पिक व्यवस्था कर पेंशन का भुगतान करवाया जाना चाहिए।

7-8 किलोमीटर दूर से पहुंचते हैं पेंशनधारी

ग्रामीणों ने बताया कि खुडाना क्षेत्र काफी बड़े दायरे में फैला हुआ है और कई ढाणियां व आबादी पोस्ट ऑफिस से 7-8 किलोमीटर तक दूर हैं। ऐसे में दूर-दराज से बुजुर्गों का लगातार कई दिनों तक पोस्ट ऑफिस आना उनके लिए शारीरिक और आर्थिक परेशानी का कारण बन रहा है।

शिवकुमार ठेकेदार, महा सिंह नंबरदार, मुन्नी देवी, शांति देवी, राजू सिंह, बंसी प्रजापत, राजेंद्र सिंह, शीला देवी, संतोष देवी और रामनिवास सहित ग्रामीणों ने सरकार एवं विभाग से समस्या का जल्द समाधान करवाने की मांग की। ग्रामीणों ने कहा कि यदि बायोमेट्रिक मशीन या सर्वर में तकनीकी खराबी है तो समस्या ठीक होने तक वैकल्पिक अथवा मैनुअल व्यवस्था के माध्यम से पेंशन भुगतान किया जाना चाहिए।

पोस्टमास्टर बोले- हम भी परेशान, विभाग ही कर सकता है समाधान

इस संबंध में पोस्ट ऑफिस में मौजूद पोस्टमास्टर हरपाल ने बताया कि वे भी इस समस्या के कारण परेशान हैं। बुजुर्ग रोजाना पेंशन लेने पहुंच रहे हैं, लेकिन मशीन नहीं चलने के कारण उन्हें पेंशन नहीं दी जा पा रही है। उन्होंने बताया कि शुक्रवार को दोपहर करीब 3 बजे तक केवल एक व्यक्ति को ही पेंशन दी जा सकी। पोस्टमास्टर ने कहा कि मशीन और सर्वर चलना उनके हाथ में नहीं है। जैसे ही तकनीकी समस्या ठीक होगी, पेंशन का भुगतान कर दिया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस समस्या का समाधान संबंधित विभाग द्वारा ही किया जा सकता है।

बाबा साध सेवा शिविर में हुई बैठक


 

सोमवार, 17 अगस्त 2026

गांव खुडाना में शहीद ईश्वर सिंह की प्रतिमा का किया अनावरण


 

ज्ञानकोश ए ग्लोबल स्कूल में मनाया सांस्कृतिक कार्यक्रम के साथ स्वतंत्रता दिवस


 

शहिद आनंद कुमार की पुण्यतिथि पर रक्तदान शिविर


 

कुश्ती प्रतियोगिता में मेजर प्रदीप प्रथम


 

सोमवार, 27 जुलाई 2026

आकोदा में प्राकृतिक खेती व बागवानी पर किसान जागरूकता कार्यक्रम आज

 

कृषि एवं किसान कल्याण विभाग, महेंद्रगढ़ की ओर से किसानों को आधुनिक एवं प्राकृतिक खेती की तकनीकों से अवगत कराने के उद्देश्य से सोमवार, 27 जुलाई को गांव आकोदा में किसान जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम सुबह 9:30 बजे शिव मंदिर के समीप स्थित पंचायत घर में शुरू होगा।

कार्यक्रम में कृषि एवं किसान कल्याण विभाग, बागवानी विभाग तथा कृषि विज्ञान केंद्र (केवीके) के विशेषज्ञ किसानों को प्राकृतिक खेती, बागवानी, फसल प्रबंधन, उन्नत कृषि तकनीकों तथा विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की विस्तृत जानकारी देंगे। विशेषज्ञ किसानों की समस्याओं का समाधान भी करेंगे तथा खेती की लागत कम कर उत्पादन बढ़ाने के उपायों पर मार्गदर्शन देंगे।

कृषि विभाग के अधिकारियों ने क्षेत्र के किसानों से अधिक से अधिक संख्या में कार्यक्रम में भाग लेने की अपील की है। उन्होंने कहा कि बदलते समय में प्राकृतिक खेती और बागवानी किसानों की आय बढ़ाने के प्रभावी विकल्प बन रहे हैं। ऐसे कार्यक्रमों में भाग लेकर किसान नई तकनीकों को अपनाने के साथ-साथ सरकार की योजनाओं का भी लाभ उठा सकते हैं। विभाग ने किसानों से समय पर कार्यक्रम स्थल पर पहुंचकर कृषि, बागवानी एवं प्राकृतिक खेती से संबंधित उपयोगी जानकारी प्राप्त करने और विशेषज्ञों से सीधे संवाद कर अपनी जिज्ञासाओं का समाधान कराने का आग्रह किया है।

शनिवार, 25 जुलाई 2026

मेहनत ने बदली तकदीर: खुडाना के छात्र पीयूष का हरियाणा सरकार की सुपर-100 योजना में चयन मजदूर के बेटे ने हासिल की बड़ी सफलता, अब आईआईटी-जेईई की निःशुल्क आवासीय कोचिंग मिलेगी


 सीमित संसाधनों के बावजूद मेहनत और लगन से बड़ी सफलता हासिल करने का उदाहरण पेश करते हुए सी.एम.ई.ई.ई. राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय खुडाना के छात्र पीयूष का हरियाणा सरकार की महत्वाकांक्षी सुपर-100 योजना के अंतिम चयन चरण में चयन हुआ है। इस उपलब्धि से विद्यालय में खुशी की लहर दौड़ गई। शुक्रवार को आयोजित प्रातःकालीन सभा में विद्यालय परिवार ने छात्र का सम्मान कर उसके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। विद्यालय के प्राचार्य जोगिंद्र पाल ने बताया कि पीयूष शुरू से ही एक मेधावी, अनुशासित और परिश्रमी छात्र रहा है। उसने न केवल शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया, बल्कि खेलों में भी अपनी प्रतिभा का परिचय दिया है। पीयूष हैंडबॉल प्रतियोगिताओं में विद्यालय का प्रतिनिधित्व करते हुए राज्य स्तर तक अपनी पहचान बना चुका है।

उन्होंने बताया कि पीयूष के पिता लक्ष्मण मेहनत-मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। आर्थिक परिस्थितियाँ चुनौतीपूर्ण होने के बावजूद परिवार ने शिक्षा को प्राथमिकता दी और पीयूष ने अपनी कड़ी मेहनत व दृढ़ संकल्प के बल पर यह मुकाम हासिल किया। उसकी सफलता उन विद्यार्थियों के लिए भी प्रेरणा है, जो सीमित संसाधनों के बावजूद बड़े सपने देखने का साहस रखते हैं। प्राचार्य ने बताया कि हरियाणा सरकार की सुपर-100 योजना के तहत चयनित विद्यार्थियों को आईआईटी-जेईई जैसी प्रतिष्ठित प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए निःशुल्क आवासीय कोचिंग, अध्ययन सामग्री और विशेषज्ञ शिक्षकों का मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाता है। इस योजना का उद्देश्य सरकारी विद्यालयों के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और प्रतिस्पर्धी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी का अवसर प्रदान करना है।

उन्होंने यह भी बताया कि विद्यालय के लिए यह लगातार दूसरी बड़ी उपलब्धि है। इससे पहले विद्यालय के छात्र गौरव का भी सुपर-100 योजना में चयन हुआ था और वह वर्तमान में इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रहा है। पीयूष के चयन से यह साबित हुआ है कि विद्यालय में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और विद्यार्थियों के समग्र विकास पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। विद्यालय परिवार ने पीयूष को सम्मानित करते हुए उसके उज्ज्वल भविष्य की कामना की तथा विश्वास जताया कि वह आगे भी अपनी प्रतिभा और मेहनत के दम पर नई ऊँचाइयों को छुएगा और विद्यालय, जिले तथा प्रदेश का नाम रोशन करेगा। इस अवसर पर विद्यालय के समस्त शिक्षकगण, स्टाफ सदस्य एवं छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे। उन्होंने पीयूष की उपलब्धि पर खुशी व्यक्त करते हुए उसे बधाई दी और अन्य विद्यार्थियों से भी उसके संघर्ष, अनुशासन और मेहनत से प्रेरणा लेने का आह्वान किया।