रविवार, 26 अप्रैल 2026

पाली में भव्य रक्तदान शिविर आयोजित, 52 यूनिट रक्त संग्रहित


 

क्षेत्र के गांव पाली में समाजसेवा की अनूठी मिसाल पेश करते हुए बाबा निहालचंद सेवा दल पटीकरा एवं ग्राम पंचायत पाली के संयुक्त तत्वावधान में प्रजापत धर्मशाला में भव्य रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में कुल 52 यूनिट रक्त एकत्रित किया गया। शिविर का शुभारंभ सुबह 9 बजे हुआ, जो दोपहर 1:30 बजे तक चला। इस दौरान महिलाओं, युवाओं और समाजसेवियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कुल 80 लोग रक्तदान के लिए पहुंचे, हालांकि कुछ स्वास्थ्य कारणों के चलते सभी रक्तदान नहीं कर सके, फिर भी 52 लोगों ने सफलतापूर्वक रक्तदान कर मानवता की सेवा में योगदान दिया।

इस अवसर पर सरपंच देशराज फौजी ने कहा कि “रक्तदान महादान है और एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद की जान बचा सकता है। युवाओं को समय-समय पर रक्तदान के लिए आगे आना चाहिए।” शिविर में रेड क्रॉस सोसाइटी नारनौल की टीम का विशेष सहयोग रहा। बाबा जयरामदास मंदिर कमेटी के प्रधान भंवर सिंह ने बताया कि एकत्रित रक्त को रेड क्रॉस ब्लड बैंक में जरूरतमंद मरीजों, थैलेसीमिया पीड़ित बच्चों और आपातकालीन परिस्थितियों में उपयोग किया जाएगा।

शिविर के अंत में सभी रक्तदाताओं को प्रशस्ति पत्र एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। इस मौके पर बाबा निहालचंद सेवा दल पटीकरा से संदीप, आदर्श, सलीम, एरिया टैलेंट ग्रुप से रीना व हनी गुप्ता, जिला रेड क्रॉस सोसाइटी नारनौल से प्रिया, संदीप व अभय, सिविल हॉस्पिटल नारनौल व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पाली से डॉ. संदीप शर्मा, सरपंच देशराज सिंह फौजी, मंदिर कमेटी के प्रधान भंवर सिंह, पूर्व सरपंच सुरेंद्र सिंह, भाई मुन्ना सेठ, श्रीयादे माता प्रजापत सभा पाली के प्रधान सुंदर सिंह सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति व ग्रामवासी उपस्थित रहे।

खुडाना वार्ड-3 के लिए दो उम्मीदवारों ने भरा नामांकन, 27 को जांच

गांव खुडाना में वार्ड नंबर-3 के चुनाव को लेकर नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई है। सोमवार को इस वार्ड के लिए दो उम्मीदवारों ने अपने नामांकन पत्र दाखिल किए। रिटर्निंग ऑफिसर महेंद्र सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि चुनाव के लिए राजकुमार और महेश पाल ने नामांकन भरा है। उन्होंने बताया कि नामांकन प्रक्रिया शांतिपूर्ण तरीके से पूरी हुई और किसी प्रकार की अव्यवस्था सामने नहीं आई। अब 27 अप्रैल को दाखिल किए गए नामांकन पत्रों की जांच की जाएगी। इसी दिन उम्मीदवार चाहें तो अपना नामांकन वापस भी ले सकते हैं।

रिटर्निंग ऑफिसर ने आगे बताया कि 28 अप्रैल को सभी वैध उम्मीदवारों को चुनाव चिन्ह (निशान) आवंटित किए जाएंगे, जिसके बाद चुनाव प्रचार तेज हो जाएगा। गांव में चुनाव को लेकर धीरे-धीरे माहौल बनना शुरू हो गया है और समर्थकों में भी उत्साह देखा जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस बार वार्ड-3 में मुकाबला दिलचस्प रहने की संभावना है। वहीं प्रशासन ने भी निष्पक्ष और शांतिपूर्ण चुनाव कराने के लिए तैयारियां शुरू कर दी हैं।

 

बसई स्कूल में मलेरिया जागरूकता दिवस मनाया, बचाव व इलाज की दी जानकारी


 गांव बसई के राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल में मलेरिया रोकथाम को लेकर जागरूकता दिवस मनाया गया। कार्यक्रम में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) पाली से पहुंचे डॉक्टर पंकज शर्मा ने विद्यार्थियों व स्टाफ को मलेरिया जैसी खतरनाक बीमारी के बारे में विस्तार से जानकारी दी। डॉ. पंकज शर्मा ने बताया कि यदि समय रहते मलेरिया की जांच कराकर उपचार नहीं लिया जाए तो यह बीमारी जानलेवा भी हो सकती है। उन्होंने कहा कि सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में मलेरिया का इलाज पूरी तरह नि:शुल्क उपलब्ध है। एमपीएचडब्ल्यू (मेल) द्वारा बुखार से ग्रस्त मरीजों के रक्त की स्लाइड बनाकर लैब में जांच के लिए भेजी जाती है और पॉजिटिव पाए जाने पर घर-घर जाकर इलाज किया जाता है। उन्होंने यह भी बताया कि क्षेत्र में पिछले दो-तीन वर्षों से मलेरिया का कोई पॉजिटिव केस सामने नहीं आया है, जो जागरूकता का सकारात्मक परिणाम है।

हेल्थ इंस्पेक्टर दिलबाग शर्मा ने बच्चों को मच्छर के जीवन चक्र के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि मलेरिया एनाफिलीज मादा मच्छर के काटने से फैलता है। यह मच्छर साफ खड़े पानी में पनपता है और लगभग दो सप्ताह में पूर्ण विकसित हो जाता है। इसके काटने पर बुखार, उल्टी, पसीना और घबराहट जैसे लक्षण दिखाई देते हैं। इस अवसर पर स्कूल प्रिंसिपल, समस्त स्टाफ, आशा वर्कर, एएनएम, डॉ. प्रीतम सहित विद्यार्थी मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान लोगों को सप्ताह में एक दिन ‘ड्राई डे’ मनाने का संदेश दिया गया। पानी की टंकियों, गमलों, छत पर रखे बर्तनों, कूलरों व अन्य स्थानों पर जमा पानी को खाली कर साफ रखने की अपील की गई, ताकि मच्छरों के लार्वा को पनपने से रोका जा सके। साथ ही जहां पानी जमा हो, वहां मिट्टी या काला तेल डालने जैसे उपाय अपनाने की सलाह दी गई।

शनिवार, 25 अप्रैल 2026

लोक संस्कृति के पुरोधा डॉ. मनोज गौतम को बिजणा में भव्य सम्मान लोक संस्कृति के सशक्त हस्ताक्षर का अभिनंदन, ग्रामीणों ने जताया गर्व


 सुप्रसिद्ध आशु कवि एवं दादागुरु स्वर्गीय पंडित बख्तावरमल की पावन जन्मस्थली गांव बिजणा में एक भव्य और गरिमामयी सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर पंडित गणपत राम लोक संस्कृति मंच गढ़ी के सचिव डॉ. मनोज गौतम को लोक संस्कृति एवं लोक गायन के संरक्षण, संवर्धन और प्रचार-प्रसार में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए सम्मानित किया गया।

डॉ. मनोज गौतम साहित्यिक और सांस्कृतिक क्षेत्र में अपनी विशिष्ट पहचान बना चुके हैं। उन्हें “निराला उद्घोषक सारस्वत सम्मान” से भी नवाजा जा चुका है। इसके अलावा वे कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों का सफल संचालन कर चुके हैं, जिससे उन्होंने अपनी अलग छवि स्थापित की है।

बाबा पंच पीर सेवा समिति बिजणा एवं समस्त ग्रामवासियों द्वारा डॉ. गौतम का बड़े उत्साह और सम्मान के साथ अभिनंदन किया गया। उनके कुशल नेतृत्व में प्रतिवर्ष आयोजित होने वाला लोक कवि सम्मेलन आज क्षेत्र की विशेष पहचान बन चुका है। यह आयोजन न केवल परंपराओं को जीवंत बनाए रखने में सहायक है, बल्कि नई पीढ़ी में अपनी संस्कृति के प्रति गर्व और जागरूकता भी उत्पन्न करता है।

समारोह के दौरान गांव बिजणा के सरपंच देवेंद्र शर्मा, समिति सदस्य सतीश, विनोद, कपिल शास्त्री, आशीष शास्त्री, दिलीप शर्मा, हनुमान शर्मा, हरी सिंह गुर्जर, इंद्रजीत यादव, चतुर्भुज शर्मा सहित अनेक गणमान्य नागरिक एवं ग्रामीण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। सभी ने डॉ. गौतम के सामाजिक और सांस्कृतिक योगदान की सराहना करते हुए उन्हें प्रेरणास्रोत बताया। डॉ. मनोज गौतम का समर्पण, नेतृत्व और सांस्कृतिक दृष्टि आज क्षेत्र में लोक संस्कृति के पुनर्जागरण का प्रतीक बन चुकी है, जो आने वाली पीढ़ियों के लिए एक सशक्त प्रेरणा स्रोत है।